


आदिम जाति एवं अनुसूचित जाति विकास विभाग को अधीक्षक संवर्ग की लंबित मांगों एवं छात्रावास आश्रमों की समस्याओं के निराकरण हेतु कलेक्टर महोदय को सोपा ज्ञापन
विषय- अधीक्षक संवर्ग की लंबित मांगों एवं छात्रावास-आश्रमों की समस्याओं के निराकरण हेतु दिनांक 12 नवंबर 2026 को एक दिवसीय सांकेतिक हड़ताल/अनिश्चितकालीन हड़ताल में शामिल होने के संबंध में।
सविनय निवेदन है कि छत्तीसगढ़ राज्य स्तरीय छात्रावास अधीक्षक संघ द्वारा अधीक्षक संवर्ग की सेवा संबंधी समस्याओं एवं छात्रावास-आश्रमों के संचालन में आ रही व्यावहारिक कठिनाइयों के निराकरण हेतु शासन एवं संचालनालय स्तर पर समय-समय पर पत्राचार एवं प्रत्यक्ष भेंट के माध्यम से ध्यान आकर्षित कराया जाता रहा है। अधीक्षक संवर्ग की प्रमुख मांगें निम्नानुसार हैं-
1. सेवा शर्तों का निर्धारण
अधीक्षकों के दैनिक कार्य के घंटे निर्धारित किए जाएं तथा साप्ताहिक एवं सार्वजनिक अवकाश के संबंध में स्पष्ट प्रावधान किए जाएं।
अधीक्षकों से 24×7 सशरीर उपस्थित रहने की अपेक्षा के स्थान पर कार्य की प्रकृति के अनुरूप व्यावहारिक सेवा शर्तें निर्धारित की जाएं। ड्यूटी आवर्स के पश्चात ऑन-कॉल उपलब्धता सुनिश्चित करने संबंधी प्रावधान किए जाएं।
महिला अधीक्षकों के पुरुष परिजनों के साथ छात्रावास परिसर में निवास संबंधी नियम एवं दिशा-निर्देश स्पष्ट किए जाएं।
छात्रावास परिसर में निर्मित अधीक्षक आवास, सामान्य शासकीय आवास में लागू नियमों से पूर्णतः भिन्न है अतः अधीक्षकों के गृह भाड़ा भत्ता प्रदान किया जाए।
2. अधीक्षक संवर्ग का कैडर पुनर्गठन
अधीक्षक पद पर भर्ती होने के बाद पूरी सेवाअवधि उसी पद पर रहते हुए सेवानिवृत्त होने की वर्तमान व्यवस्था में सुधार किया जाए। संवर्ग के कर्मचारियों को सेवाकाल में आगे बढ़ने के अवसर प्रदान करने हेतु मंडल संयोजक, क्षेत्र संयोजक, सहायक सांख्यिकी अधिकारी जैसे अनेक विभागीय पदों पर पदोन्नति एवं कैडर पुनर्गठन की उचित व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
3. शिक्षक संवर्ग के प्रभारी अधीक्षकों को VSK ऐप से उपस्थिति दर्ज करने की अनिवार्यता से छूट
शिक्षक संवर्ग के प्रभारी अधीक्षकों को विद्यालयीन शिक्षण एवं गैर-शैक्षणिक कार्यों के साथ छात्रावास संचालन, विद्यार्थियों के पंजी संधारण तथा बीमार विद्यार्थियों की देखभाल जैसे अतिरिक्त दायित्वों का निर्वहन करना पड़ता है। ऐसी स्थिति में विद्यालय में VSK ऐप से उपस्थिति दर्ज करने की अनिवार्यता के कारण दोनों संस्थानों के कार्य प्रभावित होते हैं। अतः शिक्षक संवर्ग के प्रभारी अधीक्षकों को VSK ऐप से उपस्थिति दर्ज करने की अनिवार्यता से छूट प्रदान की जाए, ताकि वे विद्यालय एवं छात्रावास दोनों के दायित्वों का प्रभावी ढंग से निर्वहन कर सकें।
4. ऑनलाइन उपस्थिति व्यवस्था में सुधार एवं मेस राशि में अनुचित कटौती पर रोक
ऑनलाइन उपस्थिति पोर्टल में विद्यार्थियों के लिए पूर्व में जारी आयुक्त कार्यालय के 30 दिनों के मेडिकल अवकाश संबंधी प्रावधान को HMS पोर्टल पर लागू किया जाए, ताकि चिकित्सा संबंधी कारणों से अनुपस्थित विद्यार्थियों की उपस्थिति एवं मेस राशि की गणना उचित तरीके से हो सके।
छात्रावासों में ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज करने हेतु कंप्यूटर, इंटरनेट कनेक्टिविटी एवं आवश्यक कंप्यूटर ऑपरेटर जैसे मानव एवं भौतिक संसाधन उपलब्ध कराए जाएं।
मेस एक सामूहिक व्यवस्था है, जिसमें 50/100 विद्यार्थियों के भोजन की तैयारी करते समय आवश्यकता के अनुसार कुछ अतिरिक्त भोजन बनाकर रखना पड़ता है। गैस, ईंधन, मसाले एवं परिवहन जैसे खर्च विद्यार्थियों की संख्या में मामूली कमी आने से कम नहीं होते हैं। अतः 2/3 विद्यार्थियों की उपस्थिति के आधार पर भेंड पोर्टल द्वारा मेस राशि में की जाने वाली कटौती पर रोक लगाई जाए तथा न्यूनतम 24 दिन की उपस्थिति पर पूर्ण मेस बजट स्वीकृत करने का प्रावधान किया जाए।
सामूहिक मेस व्यवस्था में वास्तविक खर्च एवं विद्यार्थियों की भोजन संबंधी आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए बजट निर्धारण की व्यावहारिक व्यवस्था लागू की जाए।
आवश्यक मानव एवं भौतिक संसाधन उपलब्ध कराने तथा पोर्टल की तकनीकी विसंगतियों का निराकरण होने तक ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज करने की अनिवार्यता को शिथिल किया जाए। सर्वर, नेटवर्क एवं अन्य तकनीकी समस्याओं के कारण होने वाली त्रुटियों के लिए अधीक्षकों को जिम्मेदार न ठहराया जाए।
5. छात्रावास संचालन हेतु पर्याप्त बजट एवं अन्य सुविधाएं
छात्रावासों एवं आश्रमों का सुचारू संचालन सुनिश्चित करने हेतु निम्नलिखित मदों में पर्याप्त बजट उपलब्ध कराया जाए-
बर्तन, सफाई सामग्री एवं अन्य आवश्यक दैनिक उपयोग की सामग्री।
विद्यार्थियों की दवाओं, प्राथमिक उपचार एवं आवश्यक चिकित्सा व्यय।
15 अगस्त, 26 जनवरी एवं राजोत्सव जैसे आयोजनों में प्रकाश व्यवस्था एवं अन्य आवश्यक व्यवस्थाएं।
छात्रावास की आवश्यक सामग्री के परिवहन हेतु राशि।
आकस्मिक एवं आवश्यक संचालन संबंधी व्यय।
शासकीय कार्यों के लिए अधीक्षकों को नियममानुसार यात्रा भत्ता।
छात्रावास संचालन की आवश्यकताओं के अनुरूप समय पर पर्याप्त राशि उपलब्ध कराई जाए, ताकि अधीक्षकों को आवश्यक व्यवस्थाओं के लिए निजी धन पर निर्भर न रहना पड़े तथा विद्यार्थियों को आवश्यक सुविधाएं निरंतर मिलती रहें। उपर्युक्त मांगों के संबंध में शासन एवं संचालनालय स्तर पर अनेक बार प्रयास किए जाने के बावजूद अपेक्षित निराकरण नहीं होने से अधीक्षक संवर्ग में निराशा एवं हताशा व्याप्त है। इसी के परिणामस्वरूप संघ की प्रांतीय कार्यकारिणी ने चरणबद्ध आंदोलन का निर्णय लिया है। संघ के आह्वान पर दिनांक 12 नवंबर 2026, गुरुवार को जिला मुख्यालय में एक दिवसीय सांकेतिक हड़ताल आयोजित की जा रही है, परंतु यदि विभाग मनमाने तरीके से समस्याओं के निराकरण के स्थान पर दनात्मक कार्रवाई करता है तो संघ के आह्वान पर समस्त नियमित एवं प्रभारी अधीक्षक अनिश्चितकालीन हड़ताल पर जाने के लिए बाध्य होंगे।
अतः आपसे अनुरोध है कि अधीक्षक संवर्ग की उक्त मांगों एवं छात्रावास-आश्रमों की समस्याओं पर गंभीरतापूर्वक विचार करते हुए उनका समयबद्ध एवं उचित निराकरण करने की कृपा करें।



